अब कम उम्र की महिलाओं में भी है इनफर्टिलिटी की समस्या,जानिए आयुर्वेदिक डॉक्टर से क्या है इसके कारण और इलाज

अब कम उम्र की महिलाओं में भी है इनफर्टिलिटी की समस्या,जानिए आयुर्वेदिक डॉक्टर से क्या है इसके कारण और इलाज
Hindi

अब कम उम्र की महिलाओं में भी है इनफर्टिलिटी की समस्या,जानिए आयुर्वेदिक डॉक्टर से क्या है इसके कारण और इलाज

  • June 8, 2024

  • 1106 Views

बीते कई सालों में महिलाओं में निःसंतान या बांझपन का दर बढ़ती ही जा रहा है | रिप्रोडक्शन की समस्या का कारण महिलाओं की बढ़ती उम्र ही नहीं होता, बल्कि और भी कई अन्य कारण हो सकते है | पहले के दशक में यह समस्या सिर्फ 35 की उम्र या फिर इससे भी अधिक उम्र वाले महिलयों में पाया जाता था | लेकिन अब 18 से 30 उम्र की महिलाओं भी इस समस्या का शिकार बन रही है | जिसकी वजह से महिलयों में फर्टिलिटी का दर भी कम होता जा रहा है |

संजीवनी आयुर्वेद शाला की सीनियर डॉक्टर अंशु वात्स्यायन जो की आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों में माहिर है, उनका मानना यह है की एक रिपोर्ट के मुताबिक दुनिया में 17-18 प्रतिष्ठित महिलाएं इस समस्या से पीड़ित है और इस समस्या का दर और भी बढ़ता ही जा रहा है | ज्यादातर डॉक्टर इस समस्या से पीड़ित  महिलाएं को आईवीएफ का सुझाव देते है परन्तु इस तकनिकी की सहारा लेने के बावजूद भी कई महिलायें माँ नहीं बन पाती है |

See also  हाॅर्मोनल ग्लैंड के फंक्शन में दिक्कत कैसे एंडोक्राइन डिसऑर्डर के लिए खतरा हो सकता है ?

 

क्यों हो रही है कम उम्र की महिलाओं में भी इनफर्टिलिटी की समस्या?

कम उम्र में माँ न बन पाने के कई कारण हो सकते है जैसे की लड़कियों के गर्भशय में एग का रिज़र्व कम होना, एग पर कोई असर न होना, महिलाओं में हार्मोनल डिसऑर्डर का होना, पीसीओडी की समस्या, ऐंडोमैट्रिओसिस की समस्या , ओवुलेशन के कारण और पीरियड जैसे अनेक समस्या के कारण महिला के लिए कंसीव करना मुश्किल हो जाता है | साथ ही प्रदुषण के वजह, ख़राब लाइफस्टाइल, पौष्टिक तत्व के आहार न लेने से भी महिलायें इनफर्टिलिटी का शिकार हो सकते है |

 

डॉक्टर अंशु वात्स्यायन का कहना है की कई महिलाएं दिन की बजाए रात में भी काम करती है, जिसकी वजह से उनके नींद लेने का पैटर्न बिगड़ जाता है और शारीरक रूप से भी काफी नुक्सान पहुँचता है | इसके अलावा टीबी जैसे बीमारी से भी गर्भधारण करने में समस्या आती है | पीआईडी, बार-बार मिसकैरेज हो जाना, यूटीआई जैसे बीमारियां भी इस इनफर्टिलिटी का कारण बनती है |

See also  तुलसी किन-किन समस्याओं को दूर करने में फायदेमंद साबित हो सकती हैं? डॉक्टर से जानें इसके बारे में!

 

इनफर्टिलिटी समस्या  का आयुर्वेदिक उपचार 

डॉक्टर अंशु वात्स्यायन का मानना है कि उपचार के लिए किये गए आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों का उपयोग से मरीज़ की सेहत में सूधार के साथ साथ ऊर्जा भी उत्पन होती है, जो  कई बिमारियों का इलाज करने की क्षमता रखता  है |

आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों के मदद से रिप्रोडक्शन को बढ़ाया जा सकता है | आज के दौर में आयुर्वेदिक चिकित्सा द्वारा इनफर्टिलिटी का उपचार करना एक बहुत बड़ा वरदान के सामान्य माना जाता है क्योंकि आज कल के मेडिकल साइंस में इनफर्टिलिटी की समस्या को कम करने में इतने कारगर नहीं है,जितना आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों की सहायता से सफलता पायी जा सकती है | इस इलाज की मुख्य बात यह भी है की बिना कोई दुष्प्रभाव और सर्जरी के महिलायें नेचुरल तरीके से गर्भधारण कर सकती है |

See also  ठीक से फ्रेश न हो पाने या पेट की समस्या को ठीक करने के लिए आजमाए कुछ खास उपाय !

अगर इस समस्या से जुड़ी कोई भी सलाह आप लेना चाहते हो तो संजीवनी आयुर्वेद शाला से आप ले सकते है यहां के सभी डॉक्टर आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों में माहिर है | आप चाहे तो इसी नाम की वेबसाइट पर जाकर अपनी अपॉइंटमेंट बुक करवा सकती है या फिर दिए गए नंबर से संपर्क भी कर सकते है |